International Journal For Multidisciplinary Research
E-ISSN: 2582-2160
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Volume 8 Issue 4
July-August 2026
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भारत में महिलाओं के विरुद्ध अपराधों से निपटने में सामाजिक, विधिक एवं न्यायिक तंत्र की सामूहिक भूमिका
| Author(s) | श्री छोटे लाल, प्रोफेसर डॉ. हरीश चन्द्र राम |
|---|---|
| Country | India |
| Abstract | सारांश-भारत में महिलाओं के विरुद्ध अपराध एक गंभीर सामाजिक, विधिक एवं न्यायिक चुनौती के रूप में उभरकर सामने आए हैं, जो महिलाओं की सुरक्षा, गरिमा एवं समानता को प्रभावित करते हैं। प्रस्तुत अध्ययन में महिलाओं के विरुद्ध अपराधों से निपटने में सामाजिक, विधिक एवं न्यायिक तंत्र की सामूहिक भूमिका का विश्लेषण गुणात्मक शोध पद्धति एवं वाद विधि अध्ययन के आधार पर किया गया है। अध्ययन में ‘मुकेश एवं अन्य बनाम राज्य (एनसीटी दिल्ली)’, ‘विशाखा एवं अन्य बनाम राजस्थान राज्य’ एवं त्वरित न्याय व्यवस्था की भी आवश्यकता है। अध्ययन निष्कर्ष रूप में यह प्रतिपादित करता है कि महिलाओं के विरुद्ध अपराधों की रोकथाम एवं महिला सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सामाजिक, विधिक एवं न्यायिक तंत्र के समन्वित एवं उत्तरदायी प्रयास अत्यंत आवश्यक हैं। शायरा बानो बनाम भारत संघ, इंद्रा शर्मा बनाम वी.के.वी. शर्मा तथा लक्ष्मी बनाम भारत संघ जैसे महत्वपूर्ण मामलों का विश्लेषण किया गया है। अध्ययन से स्पष्ट हुआ है कि न्यायपालिका ने महिलाओं के मौलिक अधिकारों, लैंगिक समानता एवं सुरक्षा को सुदृढ़ करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभायी है। निर्भया प्रकरण के पश्चात आपराधिक विधि (संशोधन) अधिनियम, 2013 तथा विशाखा प्रकरण के आधार पर पोश अधिनियम, 2013 जैसे महत्वपूर्ण विधिक सुधार लागू किए गए। शोध से यह भी ज्ञात हुआ है कि केवल कठोर कानून पर्याप्त नहीं हैं, बल्कि उनके प्रभावी क्रियान्वयन, सामाजिक जागरूकता, प्रशासनिक उत्तरदायित्व एवं त्वरित न्याय व्यवस्था की भी आवश्यकता है। अध्ययन निष्कर्ष रूप में यह प्रतिपादित करता है कि महिलाओं के विरुद्ध अपराधों की रोकथाम सुरक्षा, गरिमा एवं समानता को प्रभावित करते हैं। प्रस्तुत अध्ययन में महिलाओं के विरुद्ध अपराधों से निपटने में सामाजिक, विधिक एवं महिला सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सामाजिक, विधिक एवं न्यायिक तंत्र के समन्वित एवं उत्तरदायी प्रयास अत्यंत आवश्यक हैं। |
| Keywords | कीवर्ड - महिला सुरक्षा, अपराध, विधिक तंत्र, न्यायिक तंत्र, समाजिक सुधार, लैंगिक असमानता, भारतीय कानून, महिला अधिकार, पुलिस सुधार, जागरूकता अभियान। |
| Field | अन्य |
| Published In | Volume 8, Issue 4, July-August 2026 |
| Published On | 2026-07-24 |
| DOI | https://doi.org/10.36948/ijfmr.2026.v08i04.84275 |
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E-ISSN 2582-2160
CrossRef DOI prefix of IJFMR is 10.36948/ijfmr
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